दुर्ग/ आगामी ग्रीष्म ऋतु को ध्यान में रखते हुए शहर में सुचारु पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने नगर पालिक निगम दुर्ग द्वारा व्यापक स्तर पर तैयारियाँ की जा रही हैं। महापौर अलका बाघमार के निर्देश पर जल कार्य विभाग लगातार व्यवस्था को दुरुस्त करने में जुटा है।इसी क्रम में बस स्टैंड के सामने स्थित 11 एमएलडी फिल्टर प्लांट में चल रहे संधारण एवं तकनीकी सुधार कार्य का जल विभाग प्रभारी श्रीमती लीना दिनेश देवांगन ने विभागीय समिति के सदस्यों के साथ अवलोकन किया।

निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को संधारण कार्य शीघ्र पूर्ण कर पेयजल सप्लाई व्यवस्था सामान्य करने के निर्देश दिए।शहर में एक ओर जहाँ विभिन्न वार्डों में छोटे-बड़े लीकेज सुधार कार्य निरंतर जारी हैं, वहीं दूसरी ओर शहर के सबसे पुराने फिल्टर प्लांट 11 एमएलडी में तकनीकी उन्नयन का कार्य प्रगति पर है, ताकि नागरिकों को शुद्ध एवं नियमित पेयजल उपलब्ध कराया जा सके।निरीक्षण के दौरान पार्षद कमल देवांगन, गुलाब वर्मा, जल विभाग अभियंता विनोद मांझी, जल कार्य निरीक्षक नारायण ठाकुर सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय11 एमएलडी फिल्टर प्लांट दुर्ग शहर का सबसे पुराना एवं पहला जल शोधन संयंत्र है, जहाँ से पूर्व में संपूर्ण शहर में पानी की आपूर्ति होती थी। वर्तमान में आबादी विस्तार के बाद इस प्लांट से शिक्षक नगर, टकिया पारा, तामेर पारा, संतराबाड़ी, पोलसाय पारा, केलाबाड़ी सहित शहर के मध्यवर्ती कुछ वार्डों में ही जल आपूर्ति की जाती है।संधारण कार्य के चलते फिलहाल इन क्षेत्रों में रायपुर नाका स्थित बड़े प्लांट से वैकल्पिक व्यवस्था के तहत पानी सप्लाई की जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, सभी तकनीकी कार्य पूर्ण होने के बाद गर्मी से पूर्व 11 एमएलडी फिल्टर प्लांट से नियमित आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी, जिससे ग्रीष्मकाल में संबंधित वार्डों में पेयजल संकट काफी हद तक नियंत्रित रहेगा।
