कर्मचारियों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन — मोदी की गारंटी लागू करने की मांग
दुर्ग, 29 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के प्रांतीय आव्हान पर जिले के कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों और समस्याओं के निराकरण हेतु “मोदी की गारंटी लागू करो” की मांग करते हुए माननीय मुख्यमंत्री एवं मुख्य सचिव छत्तीसगढ़ शासन के नाम ज्ञापन कलेक्टर दुर्ग को सौंपा।जिलाध्यक्ष भानुप्रताप यादव ने बताया कि प्रदेश के अधिकारी-कर्मचारियों और पेंशनरों को केन्द्रीय कर्मचारियों की तरह देय तिथि से महंगाई भत्ता (DA) और महंगाई राहत (DR) नहीं मिल पा रही है। लगातार बढ़ती महंगाई के कारण कर्मचारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि वर्तमान भाजपा सरकार ने चुनाव पूर्व अपने घोषणापत्र और कर्मचारियों के मंच से वादा किया था कि केंद्र के समान तिथि से महंगाई भत्ता पूर्व एरियर्स सहित दिया जाएगा, किंतु लगभग दो वर्ष बीतने के बाद भी घोषणा पर अमल नहीं हुआ।ज्ञापन में चार स्तरीय समयमान वेतनमान, सातवें वेतनमान के अनुरूप गृहभाड़ा भत्ता एवं अन्य भत्तों के पुनरीक्षण की मांग भी की गई। साथ ही अनियमित एवं संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण के लिए घोषित समिति की रिपोर्ट पर कार्रवाई की मांग उठाई गई।ज्ञापन सौंपने वालों में प्रदीप सिंह चौहान उर्फ बाबा भाई (प्रांतीय उपाध्यक्ष), मनीष तिवारी (संभागीय अध्यक्ष जीएसटी संघ), शिवदयाल घृतलहरे, गौरीशंकर रावना, मोतीराम खिलाड़ी, निर्मला रात्रे सहित अनेक कर्मचारी संगठन पदाधिकारी उपस्थित रहे।यह जानकारी जिलाध्यक्ष भानुप्रताप यादव एवं मीडिया प्रभारी, कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने दी।
