नव संवत्सर मिलन महोत्सव द्वारका में हर्षोल्लास के साथ नई
दिल्ली/ स्वामी वैद्य शाला एवं विश्व गीता संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में द्वारका स्थित स्वामी वैद्य शाला में नव संवत्सर मिलन महोत्सव उल्लासपूर्ण वातावरण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रमुख अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन एवं अंतर्राष्ट्रीय कवयित्री तुषा शर्मा के मधुर भजन से हुआ। उनके सुमधुर गीतों ने उपस्थित श्रोताओं को भावविभोर कर दिया और पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दियाकार्यक्रम
के मुख्य अतिथि सुप्रसिद्ध समाजसेवी एवं दार्शनिक आचार्य राधाकृष्ण मनोड़ी ने श्रीमद्भगवद्गीता के कर्मयोग, भक्ति योग और ज्ञान योग पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं एवं विद्यार्थियों में गीता स्वाध्याय के माध्यम से संस्कार विकसित करने पर जोर दिया। इस अवसर पर “श्रीनिधि वैदिक पंचांग” का विधिवत लोकार्पण भी अतिथियों द्वारा किया गयाअध्यक्षीय
उद्बोधन में अंतर्राष्ट्रीय वैद्य एवं विश्व आयुर्वेद परिषद के विदेश विभाग प्रभारी डॉ. स्वामी नाथ मिश्र ने आयुर्वेद में वर्णित स्वस्थ वृत्त को जीवन में अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति में गुण और अवगुण दोनों होते हैं, इसलिए हमें गुणों को ग्रहण करने की प्रवृत्ति विकसित करनी चाहिए।कार्यक्रम के दौरान स्वामी वैद्य शाला के निदेशक डॉ. अवधेश पाण्डेय एवं प्रमुख संचालिका डॉ. शिवानी मिश्रा पाण्डेय ने मुख्य अतिथि आचार्य मनोड़ी एवं कवयित्री तुषा शर्मा को शाल भेंट कर सम्मानित किया।इस
अवसर पर संयोजक एवं संपादक श्री मुनेश द्वारा सभी सहभागियों को “श्रीनिधि वैदिक पंचांग” भेंट किया गया। कार्यक्रम में डॉ. अदिति श्रीवास्तव, श्री धर्म चौधरी (पूर्व न्यायिक अधिकारी), डॉ. भूदेव (योग विशेषज्ञ), श्री ज्ञानेंद्र वत्स, शाश्वत जी, रमाकांत मिश्रा, योगाचार्य अभिषेक मिश्रा, कमलेश यादव, प्रणव मनोरी सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहेअंत
में डॉ. शिवानी मिश्रा पाण्डेय ने सभी अतिथियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
