दुर्ग में 12 अक्टूबर को निकलेगी भव्य माता की चुनरी यात्रा, पहली बार दिखेगा छत्तीसगढ़ी नृत्य

दुर्ग में 12 अक्टूबर को निकलेगी भव्य माता की चुनरी यात्रा, पहली बार दिखेगा छत्तीसगढ़ी नृत्य और उज्जैन की अघोरी टीम का अनूठा संगम11 नगर देवियों के चरणों में अर्पित होगी चुनरी, 50 से अधिक कलाकारों की अघोरी टीम और 100 सदस्यीय नटराज धुमाल पार्टी रहेगी विशेष आकर्षण

दुर्ग। धर्म, आस्था और भक्ति के रंग में सराबोर दुर्ग शहर में 12 अक्टूबर को हैप्पी क्लब दुर्ग के तत्वावधान में भव्य माता की चुनरी यात्रा निकाली जाएगी। मां शक्ति की आराधना को समर्पित इस धार्मिक आयोजन में शहर की 11 नगर देवियों के चरणों में चुनरी अर्पित की जाएगी। भव्य झांकियों, पारंपरिक छत्तीसगढ़ी नृत्य और उज्जैन से आने वाली अघोरी टीम की प्रस्तुतियां यात्रा का प्रमुख आकर्षण रहेंगी।

आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।सदर बाजार से होगा यात्रा का शुभारंभआयोजन समिति के मनय बोथरा ने बताया कि 12 अक्टूबर को शाम 7 बजे सदर बाजार में महाआरती के साथ चुनरी यात्रा का शुभारंभ होगा। इसके बाद यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए विभिन्न मंदिरों तक पहुंचेगी। निर्धारित मार्ग के अनुसार यात्रा सदर बाजार से गांधी चौक, मोटी कॉम्प्लेक्स, इंदिरा मार्केट, मान होटल चौक, किल्ला मंदिर, पंचमुखी मंदिर और चंडी मंदिर पहुंचेगी। यहां वैदिक मंत्रोच्चार के बीच माता रानी को चुनरी अर्पित की जाएगी।

इसके बाद यात्रा शिवपारा होते हुए पुनः सदर बाजार पहुंचेगी, जहां समापन के साथ श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया जाएगा।अघोरी टीम और नटराज धुमाल पार्टी देंगी प्रस्तुतिइस वर्ष चुनरी यात्रा को भव्य और आकर्षक बनाने के लिए विशेष तैयारियां की गई हैं। यात्रा में कलयुग के अवतारी बाबा श्याम की चलित झांकी के साथ उज्जैन से आने वाली भोले बाबा की प्रसिद्ध अघोरी पार्टी के 50 से अधिक कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे। वहीं, प्रदेश की सबसे बड़ी धुमाल पार्टियों में शामिल नटराज धुमाल पार्टी के लगभग 100 सदस्यीय दल की प्रस्तुति भी आकर्षण का केंद्र रहेगी।

इसके अलावा, छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोकनृत्य प्रस्तुतियां और विभिन्न जीवंत झांकियां भी यात्रा की शोभा बढ़ाएंगी। धार्मिक आस्था के साथ लोकसंस्कृति और पारंपरिक कला का यह संगम शहरवासियों के लिए खास आकर्षण रहेगा।जगह-जगह होगी पुष्पवर्षा, श्रद्धालुओं के लिए व्यवस्थाएंचुनरी यात्रा के स्वागत के लिए शहर के विभिन्न स्थानों पर सामाजिक और व्यापारिक संगठनों की ओर से स्वागत मंच बनाए जाएंगे। इन मंचों से श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया जाएगा। साथ ही, यात्रा मार्ग में जगह-जगह स्वल्पाहार और शीतल पेयजल की व्यवस्था भी की जाएगी, ताकि शामिल होने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

सामाजिक समरसता और एकता का संदेश देगी यात्राआयोजन समिति के अनुसार, माता की चुनरी यात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, एकता और सामूहिक आस्था का प्रतीक है। यात्रा में बड़ी संख्या में महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। महिलाएं पारंपरिक लाल-पीली साड़ियों में तथा पुरुष श्वेत वस्त्रों में शामिल होकर मां के प्रति अपनी श्रद्धा अर्पित करेंगे।

आयोजन समिति ने दुर्ग शहर सहित आसपास के क्षेत्रों के सभी धर्मप्रेमी नागरिकों, माताओं और बहनों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर माता रानी का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

× How can I help you?