शंकर नाला के गंदे पानी पर लगेगा ब्रेक: उरला में 129 करोड़ का मेगा ट्रीटमेंट प्लांट
दुर्ग, 18 मार्च। नगर पालिक निगम दुर्ग ने शहर की जीवनदायिनी शिवनाथ नदी को प्रदूषण से बचाने के लिए बड़ी पहल शुरू की है। इसके तहत शंकर नाला और पुलगांव नाला के गंदे पानी को शुद्ध कर नदी में छोड़े जाने हेतु उरला क्षेत्र में अत्याधुनिक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) बनाया जाएगा। इस परियोजना की लागत लगभग 129 करोड़ रुपए तय की गई है।महापौर अलका बाघमार ने बुधवार को उरला स्थित प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह नगर निगम की महत्वाकांक्षी परियोजना है और इसका भूमिपूजन जल्द ही विष्णु देव साय के हाथों किया जाएगा, इसलिए सभी तैयारियां तेजी से पूरी की जाएं।
निरीक्षण के दौरान महापौर ने शंकर नाला के अंतिम छोर, उरला अटल आवास के पीछे शिवनाथ नदी और नाला संगम स्थल का जायजा लिया। करीब 5 एकड़ में बनने वाले इस प्रोजेक्ट के लिए भूमि सुरक्षा, सीमांकन और अन्य प्रारंभिक कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए।यह योजना लंबे समय से प्रस्तावित थी, जिसे अब प्रशासनिक प्रक्रियाएं पूरी कर गति दी गई है। राज्य शासन की स्वीकृति मिलने के बाद चेन्नई की एक कंपनी को निर्माण कार्य का वर्क ऑर्डर जारी कर दिया गया है।
इसे दुर्ग शहर के विकास का अब तक का सबसे बड़ा प्रोजेक्ट माना जा रहा है।इस परियोजना के भूमिपूजन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव, शहर विधायक व कैबिनेट मंत्री गजेंद्र यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति प्रस्तावित है। इसके लिए मुख्यमंत्री कार्यालय को सूचना भेज दी गई है और तिथि की प्रतीक्षा की जा रही है।निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधि भी मौजूद
