उच्च शिक्षा मंत्री टंक राम वर्मा का औचक निरीक्षण, अव्यवस्थाओं पर जताई नाराजगी

रायपुर, 22 मई 2026। प्रदेश में उच्च शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने और आगामी शिक्षा सत्र की तैयारियों का जायजा लेने के लिए उच्च शिक्षा मंत्री टंक राम वर्मा ने मोपका निपनिया महाविद्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान महाविद्यालय में कई अव्यवस्थाएं सामने आने पर मंत्री ने नाराजगी जताते हुए अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़े निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान महाविद्यालय की प्राचार्य अनुपस्थित मिलीं, जबकि स्टाफ की उपस्थिति भी बेहद कम पाई गई। मौके पर केवल तीन सहायक प्राध्यापक और दो कार्यालयीन कर्मचारी उपस्थित थे। इसके अलावा महाविद्यालय के वित्तीय लेखा-जोखा की जानकारी भी तत्काल उपलब्ध नहीं कराई जा सकी, जिस पर मंत्री ने गहरी नाराजगी व्यक्त की।मंत्री श्री वर्मा ने स्पष्ट कहा कि शासकीय संस्थानों में किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनुशासनहीनता और प्रशासनिक शिथिलता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्होंने सभी शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों को निर्धारित समय पर अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए।महाविद्यालय परिसर में साफ-सफाई की खराब स्थिति पर भी मंत्री ने अधिकारियों को फटकार लगाई और परिसर की स्वच्छता व्यवस्था तत्काल सुधारने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि छात्र-छात्राओं को स्वच्छ और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।
आगामी शिक्षा सत्र को देखते हुए मंत्री ने कॉलेज में छात्र-छात्राओं की समस्याओं के त्वरित समाधान और मार्गदर्शन के लिए ‘हेल्प डेस्क’ स्थापित करने के निर्देश दिए। साथ ही पेयजल, बैठक व्यवस्था और अन्य आवश्यक छात्र सुविधाओं को समय-सीमा में पूर्ण करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया।मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार केवल कागजी दावों तक सीमित नहीं है, बल्कि जमीनी स्तर पर शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
सरकार का उद्देश्य ग्रामीण और सुदूर क्षेत्रों के महाविद्यालयों में भी शहरी क्षेत्रों जैसी सुविधाएं और बेहतर प्रशासनिक व्यवस्था सुनिश्चित करना है, ताकि प्रदेश के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
