कबीरधाम में बैगा आदिवासियों के राशन पर डाका? हितग्राहियों ने राशन दुकान संचालक पर लगाए गंभीर आरोप
कवर्धा। कबीरधाम जिले के दूरस्थ बैगा आदिवासी क्षेत्र से सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) में कथित अनियमितताओं का मामला सामने आया है। ग्राम पंचायत कांदावानी के आश्रित ग्राम बाहापानी स्थित शासकीय उचित मूल्य दुकान के संचालक पर हितग्राहियों ने मनमानी करने और निर्धारित मात्रा से कम राशन देने के आरोप लगाए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि राशन दुकान निर्धारित समय पर नहीं खुलती, जिससे कई किलोमीटर दूर से आने वाले बैगा परिवारों को घंटों इंतजार करना पड़ता है और कई बार बिना राशन लिए ही लौटना पड़ता है। हितग्राहियों का आरोप है कि राशन वितरण में शासन द्वारा निर्धारित दर से अधिक राशि वसूली जाती है तथा चावल वितरण के दौरान प्रति हितग्राही 300 से 600 ग्राम तक कम तौल कर राशन दिया जाता है।
कुछ ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि अनियमितताओं का विरोध करने पर राशन बंद करने और राशन कार्ड कटवाने की धमकी दी जाती है, जिसके कारण लोग खुलकर शिकायत करने से भी डरते हैं।यदि लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो यह गरीब आदिवासी परिवारों के खाद्यान्न अधिकारों का गंभीर उल्लंघन माना जाएगा। मामले ने खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि संबंधित उचित मूल्य दुकान के स्टॉक रजिस्टर, वितरण पंजी, तौल व्यवस्था और अभिलेखों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए।
प्रशासन की ओर से फिलहाल इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। जांच के बाद ही आरोपों की पुष्टि या खंडन हो सकेगा।
