सशस्त्र नक्सलवाद समाप्ति की ऐतिहासिक उपलब्धि पर खेड़ापति हनुमान मंदिर में भक्ति का महापर्व
कवर्धा, 2 अप्रैल 2026।छत्तीसगढ़ में शांति, सुरक्षा और समृद्धि के नए युग के शुभारंभ के उपलक्ष्य में आज कवर्धा स्थित खेड़ापति हनुमान महाराज मंदिर में भव्य हनुमंत भंडारा का आयोजन किया जा रहा है। यह पावन आयोजन सशस्त्र नक्सलवाद की समाप्ति के संकल्प की पूर्ति पर श्रद्धा, कृतज्ञता और उत्साह का प्रतीक बन गया है।इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने प्रदेशवासियों एवं श्रद्धालुओं को सादर आमंत्रित करते हुए इस ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बनने का आग्रह किया है।
चार दशकों के संघर्ष के बाद शांति का सूर्योदय छत्तीसगढ़, विशेषकर बस्तर अंचल, लंबे समय तक नक्सलवाद की चुनौती से जूझता रहा। इस दौरान विकास कार्य बाधित हुए और आम जनजीवन भय के साये में रहा। आज, नरेंद्र मोदी और अमित शाह के दृढ़ संकल्प, साथ ही विष्णुदेव साय के नेतृत्व में यह ऐतिहासिक उपलब्धि संभव हो सकी है।इस सफलता के पीछे पुलिस और सुरक्षा बलों के जवानों का अदम्य साहस, वीरता और बलिदान निहित है, जिनकी स्मृति में आज श्रद्धा सुमन अर्पित किए जाएंगे।
भक्ति और कृतज्ञता का संगम हनुमंत भंडारे का शुभारंभ प्रातः 11 बजे विधिवत पूजा-अर्चना के साथ होगा।इस पावन अवसर पर:भगवान हनुमान जी की विशेष पूजावीर शहीदों का स्मरणप्रदेश में शांति और समृद्धि की कामनाश्रद्धालुओं के लिए विशाल भंडारा“हनुमान कृपा से संभव हुआ असंभव” – विजय शर्माउप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि “अंजनीनंदन, श्रीराम भक्त वीर हनुमान जी की कृपा से वह लक्ष्य प्राप्त हुआ, जो वर्षों तक असंभव माना जाता था।
आज छत्तीसगढ़ शांति के मार्ग पर अग्रसर है।”उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे इस पावन अवसर पर उपस्थित होकर प्रभु के श्रीचरणों में नमन करें और उनके आशीर्वाद का वरण करें।
